Sunday, July 19, 2009
"छोटे कद काठी की; सामान्य शक्ल सूरत वाली लड़की इस कद्र बेकरार बना सकती है इसका मुझे ख़ुद एहसास नही था.लेकिन जो होना था सो हो गया, वह चुपके से आयी और दिल की गहराइयों में उतरती चली गयी.उसकी जिस एक खूबी से मैं सबसे ज्यादा आकर्षित हुआ वह उसकी कम बोलने की आदत थी.बहुत पुश करने पर शायद संक्षेप में प्रतिक्रिया व्यक्त करके फ़िर वही स्थाई खामोशी अपने चेहरे पर ओढ़ लेती थी.ऐसा वक्तित्व बहुत कम देखने को मिलता है.ऐसा नही की उसके पास बोलने लायक ज्ञान या शब्दों की कमी हो लेकिन वह एम्.ऐ. पास लड़की तो बहुत ही कम बोलती है.मुझे नही पता की मेरे उसके साथ प्यार का भविष्य क्या होगा, मैं उसे हासिल कर पाऊंगा या नही लेकिन इतना तय है की उसे पाने वाला शख्स बहुत ही खुशकिस्मत होता.
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3 comments:
is dil ka kya bharosha ,kab kis raah le jaaye ,kab is mann ko koi bhaa jaaye .dua hai hamari aapki chahat poori ho jaye .uski khamoshi me ye raaz jaahir ho jaaye .swagat hai umda .
narayan narayan
बहुत सुंदर…..आपके इस सुंदर से चिटठे के साथ आपका ब्लाग जगत में स्वागत है…..आशा है , आप अपनी प्रतिभा से हिन्दी चिटठा जगत को समृद्ध करने और हिन्दी पाठको को ज्ञान बांटने के साथ साथ खुद भी सफलता प्राप्त करेंगे …..हमारी शुभकामनाएं आपके साथ हैं।
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